Post Office PPF Scheme: अगर आप अपने बच्चे के भविष्य के लिए ऐसा निवेश ढूंढ रहे हैं जो पूरी तरह सुरक्षित भी हो और लंबी अवधि में अच्छा रिटर्न भी दे तो पोस्ट ऑफिस की PPF स्कीम (Public Provident Fund) आपके लिए सबसे भरोसेमंद विकल्पों में से एक है। यह न सिर्फ सरकारी गारंटी के साथ आती है बल्कि टैक्स छूट भी देती है और कंपाउंड ब्याज का फायदा भी। PPF को खासतौर पर ऐसे लोगों के लिए बनाया गया है जो हर साल थोड़ी रकम बचाकर भविष्य के लिए बड़ा फंड बनाना चाहते हैं। बच्चों के नाम पर यह निवेश करना बहुत समझदारी भरा कदम है क्योंकि इसमें पैसा धीरे-धीरे बढ़कर लाखों में बदल जाता है।
पोस्ट ऑफिस PPF स्कीम
भारत सरकार की आधिकारिक वेबसाइट (India Post) के अनुसार नवंबर 2025 तक पोस्ट ऑफिस PPF स्कीम पर 7.1% सालाना ब्याज दर दी जा रही है। यह ब्याज हर साल कंपाउंड होता है यानी ब्याज पर ब्याज जुड़ता जाता है। इसी वजह से लंबी अवधि में इसका रिटर्न काफी बड़ा हो जाता है। PPF की अवधि 15 साल की होती है और चाहें तो इसे आगे 5-5 साल की अवधि के लिए बढ़ाया जा सकता है।
बच्चों के लिए ₹38,000 निवेश करने पर कितना मिलेगा?
अब मान लीजिए आप अपने बच्चे के नाम पर हर साल ₹38,000 पोस्ट ऑफिस PPF खाते में जमा करते हैं। ब्याज दर 7.1% सालाना है और अवधि पूरी 15 साल की है। तो आइए देखें 15 साल बाद कितनी बड़ी रकम तैयार होगी।
| वार्षिक जमा राशि (₹) | ब्याज दर (%) | अवधि (साल) | कुल जमा राशि (₹) | मैच्योरिटी राशि (₹) | कुल ब्याज लाभ (₹) |
|---|---|---|---|---|---|
| 38,000 | 7.1 | 15 | 5,70,000 | 10,30,613 | 4,60,613 |
यानि अगर आप हर साल सिर्फ ₹38,000 अपने बच्चे के PPF खाते में जमा करते हैं, तो 15 साल बाद कुल ₹10,30,613 रूपये का फंड तैयार हो जाएगा। इसमें आपका कुल निवेश ₹5,70,000 होगा और ब्याज से आपको ₹4,60,613 का फायदा मिलेगा।
ब्याज कैसे जुड़ता है PPF में?
PPF में ब्याज हर साल कंपाउंड होता है, यानी पहले साल का ब्याज मूल रकम में जुड़ जाता है और अगले साल उसी बढ़ी हुई रकम पर ब्याज लगता है। इसी कारण PPF में लंबे समय तक निवेश करने से ब्याज पर ब्याज का फायदा तेजी से बढ़ता है। अगर आप हर साल नियमित रूप से तय तारीख से पहले निवेश करते हैं (जैसे 1 अप्रैल से पहले), तो साल भर का ब्याज अधिकतम दर पर जुड़ता है।
टैक्स बेनिफिट और सरकारी गारंटी
PPF स्कीम की सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसमें निवेश पर मिलने वाला ब्याज और मैच्योरिटी दोनों पूरी तरह टैक्स-फ्री होते हैं। यह स्कीम Section 80C के तहत आती है, जिससे आप हर साल ₹1.5 लाख तक की टैक्स छूट ले सकते हैं। इसके अलावा यह योजना भारत सरकार द्वारा गारंटीड है, इसलिए इसमें पैसे डूबने या घटने का कोई रिस्क नहीं होता। यही वजह है कि बच्चों के भविष्य के लिए PPF को सबसे सुरक्षित और समझदार निवेश माना जाता है।
बच्चों के नाम पर खाता कैसे खुलता है?
अगर बच्चा 10 साल से छोटा है तो उसके नाम पर खाता माता-पिता या अभिभावक खोल सकते हैं। जैसे-जैसे बच्चा बड़ा होता है, वह खुद इस खाते को ऑपरेट कर सकता है। इस खाते में हर साल न्यूनतम ₹500 और अधिकतम ₹1.5 लाख तक जमा किया जा सकता है।
बीच में पैसे निकालने की सुविधा
PPF स्कीम लंबी अवधि की होती है, लेकिन अगर जरूरत पड़े तो 7वें साल से आंशिक निकासी (partial withdrawal) की अनुमति मिल जाती है। वहीं, 3 साल बाद आप अपने खाते पर loan facility भी ले सकते हैं, जिससे आपको अतिरिक्त मदद मिल सकती है।